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संक्षेप में: चंद्रमा पूरे दिन मिथुन राशि में है (निरयन)। तिथि कृष्ण पक्ष की षष्ठी है, जो 16:57 बजे सप्तमी में बदलती है। दोपहर के आसपास चंद्रमा पुनर्वसु नक्षत्र में है, जिसके देवता अदिति हैं; यह चर नक्षत्र है, जो परंपरा से यात्रा, भाग-दौड़ और फेरबदल के लिए अच्छा माना जाता है। विष्टि करण (भद्रा), जिसे पंचांग शुभ शुरुआत के लिए टालते हैं, 16:57 बजे से रहेगा।

आज का पंचांग

वार शनिवार — स्वामी शनि
तिथि कृष्ण पक्ष: षष्ठी 16:57 तक; फिर सप्तमी (सूर्योदय पर नंदा तिथि)
नक्षत्र आर्द्रा 07:12 तक; पुनर्वसु 1 नवंबर, 05:39 तक; फिर पुष्य
योग सिद्ध 17:31 तक; फिर साध्य
करण वणिज 16:57 तक; विष्टि (भद्रा) 1 नवंबर, 03:52 तक; फिर बव
चंद्र राशि (निरयन) मिथुन
राशि परिवर्तन गुरु 12:09 बजे सिंह राशि में
वक्री ग्रह बुध, शुक्र और शनि
सूर्योदय / सूर्यास्त 06:32 / 17:36 (नई दिल्ली)
राहु काल 09:18–10:41 (नई दिल्ली)

राहु काल शनिवार को दिनमान के आठ बराबर भागों में से तीसरा भाग है, जो स्थानीय सूर्योदय से गिना जाता है — इसलिए इसका समय आपके शहर पर निर्भर करता है: आज नई दिल्ली में यह 09:18–10:41 बजे तक है। बहुत-से परिवार इसमें नया काम शुरू नहीं करते; अपने शहर का समय हिंदी पंचांग पर देखें।

चंद्र राशि के अनुसार राशिफल

मेष

पूरे दिन चंद्रमा आपके तीसरे भाव में रहेगा, जिसके विषय हैं साहस, भाई-बहन, हुनर और बातचीत। चंद्रमा से तीसरे भाव का गोचर परंपरा में शुभ माना गया है — मेहनत और बातचीत के लिए सहायक पृष्ठभूमि। गुरु 12:09 बजे आपके पाँचवें भाव में प्रवेश करता है, जिससे रचनात्मक कामों और संतान में बढ़त और अच्छी सलाह का असर आता है। दिन का नक्षत्र पुनर्वसु है, जिसका स्वामी गुरु आपके चौथे भाव में है — इसलिए दिन में घर-परिवार की भी भूमिका रहती है। उस भाव के स्वामी बुध आपके सातवें भाव में बैठे हैं, इसलिए दिन का रंग साझेदारी से आता है। आज शनिवार है, जिसका स्वामी शनि आपके बारहवें भाव में है — ख़र्च और विश्राम की ओर एक हल्का इशारा। दिन का अच्छा उपयोग: भाई-बहन या पड़ोसी की किसी छोटी बात में मदद करें।

वृषभ

चंद्रमा आज पूरा दिन आपके दूसरे भाव में बिताता है — धन, परिवार, भोजन और वाणी। चंद्रमा से दूसरे भाव का गोचर परंपरा में सहायक नहीं गिना जाता; धन और परिवार में दबाव से ज़्यादा धीरज काम आएगा। गुरु 12:09 बजे आपके चौथे भाव में प्रवेश करता है, जिससे घर-परिवार में बढ़त और अच्छी सलाह का असर आता है। दिन का नक्षत्र पुनर्वसु है, जिसका स्वामी गुरु आपके तीसरे भाव में है — इसलिए दिन में मेहनत और बातचीत की भी भूमिका रहती है। चंद्रमा वाले भाव का स्वामी बुध आपके छठे भाव में है, जो उसे काम और सेहत की आदतों से जोड़ता है। आज शनिवार है, जिसका स्वामी शनि आपके ग्यारहवें भाव में है — लाभ और मित्रता की ओर एक हल्का इशारा। दिन का अच्छा उपयोग: परिवार का कोई छोटा मामला सुलझाएँ।

मिथुन

पूरे दिन चंद्रमा आपके पहले भाव में रहेगा, जिसके विषय हैं शरीर, स्वास्थ्य और व्यक्तित्व। आज चंद्रमा आपकी अपनी राशि में है, परंपरा से शुभ पर कोमल समय: जो कहना है साफ़ कहें और चाल धीमी रखें। गुरु 12:09 बजे आपके तीसरे भाव में प्रवेश करता है, जिससे मेहनत और बातचीत में बढ़त और अच्छी सलाह का असर आता है। दिन का नक्षत्र पुनर्वसु है, जिसका स्वामी गुरु आपके दूसरे भाव में है — इसलिए दिन में धन और परिवार की भी भूमिका रहती है। चंद्रमा वाले भाव का स्वामी बुध आपके पाँचवें भाव में है, जो उसे रचनात्मक कामों और संतान से जोड़ता है। आज शनिवार है, जिसका स्वामी शनि आपके दसवें भाव में है — करियर की ओर एक हल्का इशारा। दिन का अच्छा उपयोग: दिन की शुरुआत थोड़ी सैर या शांति से करें।

कर्क

चंद्रमा आज पूरा दिन आपके बारहवें भाव में बिताता है — ख़र्च, एकांत, विदेश और मोक्ष। चंद्रमा से बारहवें भाव का गोचर परंपरा में सहायक नहीं गिना जाता; ख़र्च और विश्राम में दबाव से ज़्यादा धीरज काम आएगा। गुरु 12:09 बजे आपके दूसरे भाव में प्रवेश करता है, जिससे धन और परिवार में बढ़त और अच्छी सलाह का असर आता है। दिन का नक्षत्र पुनर्वसु है, जिसका स्वामी गुरु आपके पहले भाव में है — इसलिए दिन में निजी मामलों की भी भूमिका रहती है। चंद्रमा वाले भाव का स्वामी बुध आपके चौथे भाव में है, जो उसे घर-परिवार से जोड़ता है। आज शनिवार है, जिसका स्वामी शनि आपके नौवें भाव में है — पढ़ाई, आस्था और यात्रा की ओर एक हल्का इशारा। दिन का अच्छा उपयोग: ख़र्च से पहले बजट देखें।

सिंह

पूरे दिन चंद्रमा आपके ग्यारहवें भाव में रहेगा, जिसके विषय हैं लाभ, मित्र, संपर्क और इच्छाएँ। परंपरा (फलदीपिका, अध्याय 26) चंद्रमा से ग्यारहवें भाव को शुभ गोचर में गिनती है, इसलिए दिन लाभ और मित्रता के लिए मददगार रहेगा। गुरु 12:09 बजे आपके पहले भाव में प्रवेश करता है, जिससे निजी मामलों में बढ़त और अच्छी सलाह का असर आता है। आज के नक्षत्र पुनर्वसु के स्वामी गुरु हैं; आपकी राशि से वे बारहवें भाव में हैं, जो दिन को ख़र्च और विश्राम से जोड़ता है। चंद्रमा वाले भाव का स्वामी बुध आपके तीसरे भाव में है, जो उसे मेहनत और बातचीत से जोड़ता है। आज शनिवार है, जिसका स्वामी शनि आपके आठवें भाव में है — साझे धन और निजी बातों की ओर एक हल्का इशारा। दिन का अच्छा उपयोग: जिसका इंतज़ार था, उस पर बात आगे बढ़ाएँ।

कन्या

चंद्रमा आज पूरा दिन आपके दसवें भाव में बिताता है — करियर, पद और कर्म। परंपरा (फलदीपिका, अध्याय 26) चंद्रमा से दसवें भाव को शुभ गोचर में गिनती है, इसलिए दिन करियर के लिए मददगार रहेगा। गुरु 12:09 बजे आपके बारहवें भाव में प्रवेश करता है, जिससे ख़र्च और विश्राम में बढ़त और अच्छी सलाह का असर आता है। दिन का नक्षत्र पुनर्वसु है, जिसका स्वामी गुरु आपके ग्यारहवें भाव में है — इसलिए दिन में लाभ और मित्रता की भी भूमिका रहती है। उस भाव के स्वामी बुध आपके दूसरे भाव में बैठे हैं, इसलिए दिन का रंग धन और परिवार से आता है। आज शनिवार है, जिसका स्वामी शनि आपके सातवें भाव में है — साझेदारी की ओर एक हल्का इशारा। दिन का अच्छा उपयोग: हफ़्ते के कामों को व्यवस्थित करें।

तुला

पूरे दिन चंद्रमा आपके नौवें भाव में रहेगा, जिसके विषय हैं भाग्य, आस्था, गुरु और लंबी यात्राएँ। चंद्रमा से नौवें भाव का गोचर परंपरा में सहायक नहीं गिना जाता; पढ़ाई, आस्था और यात्रा में दबाव से ज़्यादा धीरज काम आएगा। गुरु 12:09 बजे आपके ग्यारहवें भाव में प्रवेश करता है, जिससे लाभ और मित्रता में बढ़त और अच्छी सलाह का असर आता है। दिन का नक्षत्र पुनर्वसु है, जिसका स्वामी गुरु आपके दसवें भाव में है — इसलिए दिन में करियर की भी भूमिका रहती है। उस भाव के स्वामी बुध आपके पहले भाव में बैठे हैं, इसलिए दिन का रंग निजी मामलों से आता है। आज शनिवार है, जिसका स्वामी शनि आपके छठे भाव में है — काम और सेहत की आदतों की ओर एक हल्का इशारा। दिन का अच्छा उपयोग: किसी ऐसे गुरु को पढ़ें या सुनें जिनका आप आदर करते हैं।

वृश्चिक

पूरे दिन चंद्रमा आपके आठवें भाव में रहेगा, जिसके विषय हैं परिवर्तन, साझा धन और गुप्त बातें। वृश्चिक चंद्र राशि वालों के लिए यह चंद्राष्टम है (पूरे दिन): पंचांग की परंपरा ज़रूरी नई शुरुआत किसी और दिन के लिए रखती है, इसलिए साझे धन और निजी बातों में धीरे चलें। गुरु 12:09 बजे आपके दसवें भाव में प्रवेश करता है, जिससे करियर में बढ़त और अच्छी सलाह का असर आता है। दिन का नक्षत्र पुनर्वसु है, जिसका स्वामी गुरु आपके नौवें भाव में है — इसलिए दिन में पढ़ाई, आस्था और यात्रा की भी भूमिका रहती है। चंद्रमा वाले भाव का स्वामी बुध आपके बारहवें भाव में है, जो उसे ख़र्च और विश्राम से जोड़ता है। आज शनिवार है, जिसका स्वामी शनि आपके पाँचवें भाव में है — रचनात्मक कामों और संतान की ओर एक हल्का इशारा। दिन का अच्छा उपयोग: योजनाएँ छोटी रखें और जो शुरू है उसे पूरा करें।

धनु

पूरे दिन चंद्रमा आपके सातवें भाव में रहेगा, जिसके विषय हैं विवाह, साथी और अनुबंध। चंद्रमा से सातवें भाव का गोचर परंपरा में शुभ माना गया है — साझेदारी के लिए सहायक पृष्ठभूमि। गुरु 12:09 बजे आपके नौवें भाव में प्रवेश करता है, जिससे पढ़ाई, आस्था और यात्रा में बढ़त और अच्छी सलाह का असर आता है। आज के नक्षत्र पुनर्वसु के स्वामी गुरु हैं; आपकी राशि से वे आठवें भाव में हैं, जो दिन को साझे धन और निजी बातों से जोड़ता है। उस भाव के स्वामी बुध आपके ग्यारहवें भाव में बैठे हैं, इसलिए दिन का रंग लाभ और मित्रता से आता है। आज शनिवार है, जिसका स्वामी शनि आपके चौथे भाव में है — घर-परिवार की ओर एक हल्का इशारा। दिन का अच्छा उपयोग: किसी सहकर्मी के साथ बीच का रास्ता निकालें।

मकर

पूरे दिन चंद्रमा आपके छठे भाव में रहेगा, जिसके विषय हैं काम, सेवा, सेहत की आदतें, क़र्ज़ और प्रतिस्पर्धा। चंद्रमा से छठे भाव का गोचर परंपरा में शुभ माना गया है — काम और सेहत की आदतों के लिए सहायक पृष्ठभूमि। गुरु 12:09 बजे आपके आठवें भाव में प्रवेश करता है, जिससे साझे धन और निजी बातों में बढ़त और अच्छी सलाह का असर आता है। आज के नक्षत्र पुनर्वसु के स्वामी गुरु हैं; आपकी राशि से वे सातवें भाव में हैं, जो दिन को साझेदारी से जोड़ता है। उस भाव के स्वामी बुध आपके दसवें भाव में बैठे हैं, इसलिए दिन का रंग करियर से आता है। आज शनिवार है, जिसका स्वामी शनि आपके तीसरे भाव में है — मेहनत और बातचीत की ओर एक हल्का इशारा। दिन का अच्छा उपयोग: काम का कोई रुका हुआ काम निपटाएँ।

कुंभ

पूरे दिन चंद्रमा आपके पाँचवें भाव में रहेगा, जिसके विषय हैं संतान, रचनात्मकता, बुद्धि और पुण्य। परंपरा चंद्रमा से पाँचवें भाव को अनुकूल गोचर नहीं मानती, इसलिए रचनात्मक कामों और संतान को लेकर उम्मीदें संतुलित रखें। गुरु 12:09 बजे आपके सातवें भाव में प्रवेश करता है, जिससे साझेदारी में बढ़त और अच्छी सलाह का असर आता है। आज के नक्षत्र पुनर्वसु के स्वामी गुरु हैं; आपकी राशि से वे छठे भाव में हैं, जो दिन को काम और सेहत की आदतों से जोड़ता है। चंद्रमा वाले भाव का स्वामी बुध आपके नौवें भाव में है, जो उसे पढ़ाई, आस्था और यात्रा से जोड़ता है। आज शनिवार है, जिसका स्वामी शनि आपके दूसरे भाव में है — धन और परिवार की ओर एक हल्का इशारा। दिन का अच्छा उपयोग: बच्चों, पढ़ाई या किसी रचनात्मक काम को समय दें।

मीन

चंद्रमा आज पूरा दिन आपके चौथे भाव में बिताता है — घर, माँ, संपत्ति और मन की शांति। परंपरा चंद्रमा से चौथे भाव को अनुकूल गोचर नहीं मानती, इसलिए घर-परिवार को लेकर उम्मीदें संतुलित रखें। गुरु 12:09 बजे आपके छठे भाव में प्रवेश करता है, जिससे काम और सेहत की आदतों में बढ़त और अच्छी सलाह का असर आता है। दिन का नक्षत्र पुनर्वसु है, जिसका स्वामी गुरु आपके पाँचवें भाव में है — इसलिए दिन में रचनात्मक कामों और संतान की भी भूमिका रहती है। चंद्रमा वाले भाव का स्वामी बुध आपके आठवें भाव में है, जो उसे साझे धन और निजी बातों से जोड़ता है। आज शनिवार है, जिसका स्वामी शनि आपके पहले भाव में है — निजी मामलों की ओर एक हल्का इशारा। दिन का अच्छा उपयोग: घर का एक कोना सहेजें।

इस पेज को कैसे पढ़ें

दैनिक राशिफल चंद्रमा के साथ चलता है — सबसे तेज़ चलने वाला ग्रह — और आपकी राशि से गिने गए भावों में उसकी यात्रा पढ़ता है; आकाश रोज़ बदलता है, इसलिए फल भी रोज़ बदलता है। आपकी अपनी कुंडली इससे कहीं ज़्यादा सटीक है: आपका दिन आपकी जन्म-कुंडली से हर दिन का पाठ देता है, और मुफ़्त कुंडली आपकी चंद्र राशि, लग्न और चल रही दशा दिखाती है। सूर्य राशि (पश्चिमी) के राशिफल अंग्रेज़ी पेज पर हैं।

स्रोत

  1. Sunyra engine (positions verified against NASA/JPL Horizons; panchang for New Delhi)
  2. Phaladeepika of Mantreswara, ch. 26 (transits from the Moon)
  3. Muhurta Chintamani of Rama Daivajna (nakshatra classes, tithi groups)
  4. Brihat Parashara Hora Shastra, ch. 26 (graha drishti) (Santhanam)

Sunyra संपादकीय द्वारा लिखित। ज्योतिष व्याख्या की एक परंपरा है; इसे मार्गदर्शन की तरह पढ़ें, पक्की भविष्यवाणी की तरह नहीं। अस्वीकरण (Disclaimer)।

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